रूमी दरवाज़ा का नया निखार
मरम्मत के बाद फिर से चमकी नवाबों के शहर की शान

लखनऊ की ऐतिहासिक पहचान और नवाबों के शहर की शान, 'रूमी दरवाज़ा' अब एक बार फिर से अपनी पूरी भव्यता के साथ पर्यटकों का स्वागत कर रहा है। पिछले कई महीनों से चल रहे मरम्मत और संरक्षण कार्य (Restoration) के पूरे होने के बाद, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) ने इसे निखारने का काम सफलतापूर्वक संपन्न कर लिया है। अब इसके आस-पास लगी मचानें हटा दी गई हैं और यह पहले से भी ज्यादा खूबसूरत नज़र आ रहा है।
समय के साथ इस ऐतिहासिक इमारत में दरारें आ गई थीं और इसका स्ट्रक्चर कमज़ोर होने लगा था। इसे बचाने के लिए प्रशासन ने इसके नीचे से भारी वाहनों की आवाजाही पर भी रोक लगा दी थी। विशेषज्ञों की टीम ने पुरानी तकनीक और सामग्रियों का इस्तेमाल करते हुए इसकी मरम्मत की है, ताकि इसकी अवधी वास्तुकला और मूल स्वरूप से कोई छेड़छाड़ न हो। रात के समय नई फसाड लाइटिंग (Facade Lighting) में इसकी नक्काशी अब और भी बारीकी से उभर कर सामने आती है।
इस हेरिटेज रिस्टोरेशन के पूरे होने से पुराने लखनऊ (हुसैनाबाद क्षेत्र) के पर्यटन को बड़ा बूस्ट मिला है। शाम होते ही यहां युवाओं और पर्यटकों की भीड़ सेल्फी लेने के लिए उमड़ने लगी है। शहरवासियों का कहना है कि यह सिर्फ एक इमारत की मरम्मत नहीं है, बल्कि लखनऊ की उस विरासत को सहेजने का प्रयास है जिस पर हर लखनवी को नाज़ है।



